भगवान शिव की पूजा में भूलकर भी नहीं करना चाहिए इन चीजों का इस्तेमाल…

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These things should not be used even after forgetting Lord Shiva’s worship (15 दिसंबर, 2018) : जैसा कि हम जानते हैं ‘भगवान शिव’ को अनेक नामों से जाना जाता है. जिसमें से एक नाम ‘भोले’ भी है. यह नाम भगवान शिव का इसलिए पड़ा क्योंकि भगवान शिव अपने भक्तों से जितनी जल्दी प्रसन्न होते हैं उतनी जल्दी ही क्रोधित भी हो उठते हैं.

भगवान शिव की पूजा में भूलकर भी नहीं करना चाहिए इन चीजों का इस्तेमाल...
भगवान शिव

शिवपुराण में बताया गया है कि भगवान शिव की आराधना करने से अकाल मृत्यु समेत कुंडली के विभिन्न प्रकार के दोषों से मुक्ति मिलती है. भगवान शिव को प्रसंन करने के लिए भक्त शिवलिंग पर अलग-अलग तरह की कई चीजें अर्पित करते हैं, परन्तु कई बार भूलवश के कारण ऐसी चीजें अर्पित कर देते हैं जिनको शास्त्रों में वर्जित माना गया है.

हल्दी

हल्दी का संबंध भी सौभाग्य से होता है इसलिए यह भगवान शिव को नहीं चढ़ाया जाता.

भगवान शिव की पूजा में भूलकर भी नहीं करना चाहिए इन चीजों का इस्तेमाल...

तुलसी के पत्ते

हिन्दू मान्यता के अनुसार तुलसी के पौधे को बहुत शुभ माना जाता है. तुलसी के पत्तों का उपयोग सभी तरह के शुभ कार्यों में किया जाता है, परंतु तुलसी के पत्तों को ‘शिवलिंग’ पर चढ़ाना मना है. हालांकि भगवान शिव ने तुलसी के असुर पति का वध किया कर दिया था. भूलकर भी भगवान शिव की पूजा में तुलसी के पत्तों को अर्पित नहीं करना चाहिए.

नारियल 

भूलकर भी शिवलिंग पर ‘नारियल’ के पानी से अभिषेक नहीं करना चाहिए. नारियल को मां लक्ष्मी का प्रतीक बताया गया है यही कारण है कि भगवान शिव को नहीं चढ़ता.

भगवान शिव की पूजा में भूलकर भी नहीं करना चाहिए इन चीजों का इस्तेमाल...

शंख

हिन्दू धरम के अनुसार शुभ काम और पूजा-पाठ में शंख का प्रयोग शुभ माना जाता है परंतु भगवान शिव की आराधना में शंख का प्रयोग वर्जित माना गया. दरअसल इसके पीछे एक कथा है जिसके अनुसार भगवान शिव ने ‘शंखचूड़’ नाम के असुर का वध किया था, जो ‘भगवान विष्णु’ का अनन्य भक्त था. शंख को उसी असुर का प्रतीक माना जाता है. शिव जी की पूजा में शंख का प्रयोग नहीं करना चाहिए.

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अक्षत

भगवान शिव को अक्षत यानी चावल अर्पित किए जाने के बारे में शास्त्रों में लिखा है। टूटा हुआ चावल अपूर्ण और अशुद्ध होता है इसलिए यह शिवलिंग पर नहीं चढ़ता.

भगवान शिव की पूजा में भूलकर भी नहीं करना चाहिए इन चीजों का इस्तेमाल...

सिंदूर

भगवान शिव की पूजा के दौरान भूलकर भी ‘सिंदूर’ या ‘कुमकुम’ अर्पित नहीं करना चाहिए. कुमकुम सौभाग्य का प्रतीक माना जाता है जबकि भगवान शिव वैरागी हैं इसलिए शिव जी को कुमकुम नहीं चढ़ना चाहिए.